पटना, 13 दिसंबर 2024: जन सुराज अभियान के सूत्रधार प्रशांत किशोर ने केंद्र सरकार द्वारा “वन नेशन – वन इलेक्शन” की योजना को मंजूरी दिए जाने के बाद अपनी प्रतिक्रिया दी है। उन्होंने इस पहल को देश के लिए फायदेमंद बताया, लेकिन साथ ही यह भी कहा कि इस बदलाव की सफलता सरकार की नीयत और उद्देश्य पर निर्भर करेगी।
प्रशांत किशोर ने कहा कि यदि इसे सही नीयत से लागू किया जाता है, तो यह देश के लिए काफी लाभकारी साबित हो सकता है। उनका कहना था कि हर साल देश की एक चौथाई जनता चुनाव में हिस्सा लेती है, जिससे सरकार चुनाव के चक्र में फंसी रहती है। यदि चुनाव एक साथ होते हैं, तो यह समय और खर्च दोनों बचाएगा।
उन्होंने यह भी सुझाव दिया कि भारत में पिछले 50 सालों से चली आ रही चुनाव प्रक्रिया को एक दिन में नहीं बदला जा सकता और इसके लिए 4-5 साल का समय दिया जाना चाहिए।
प्रशांत किशोर ने यह स्पष्ट किया कि “वन नेशन – वन इलेक्शन” की सफलता इस बात पर निर्भर करेगी कि सरकार इसे किस उद्देश्य से लागू करती है। अगर यह कानून सही नीयत से लागू होता है, तो यह स्वागत योग्य कदम होगा, लेकिन यदि इसका उद्देश्य किसी विशेष वर्ग या समाज को नुकसान पहुंचाना है, तो यह उचित नहीं होगा।
यह बयान देश के चुनावी सुधारों पर एक महत्वपूर्ण चर्चा को जन्म देता है और इसकी सफलता के लिए सरकार की ईमानदारी को अहम मानता है।
वन नेशन – वन इलेक्शन पर प्रशांत किशोर का बड़ा बयान, कहा- यह देश हित में है, लेकिन सफलता सरकार की मंशा पर निर्भर करेगी
