जेपी नड्डा आज बापू सभागार में आयोजित कैलाशपति मिश्र की 100वीं जयंती कार्यक्रम में शामिल हुए। इस कार्यक्रम में बीजेपी के नेताओं का भारी जुटान है। इस मौके पर बीजेपी के राष्ट्रीय अध्यक्ष जेपी नड्डा ने विरोधियों पर तगड़ा प्रहार किया।
दधीचि के रुप में ‘भीष्म पितामह’ ने किया काम
बापू सभागार में आयोजित कार्यक्रम में हुंकार भरते हुए जेपी नड्डा ने कहा कि कैलाशपति मिश्र जी पार्टी के प्रथम पंक्ति के नेता थे। वे प्रथम पीढ़ी के भी नेता थे। वे 1945 में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के प्रचारक के तौर पर काम किया। उन्होंने अपना पूरा जीवन आरएसएस के विस्तार में लगा दिया। वे संगठन के काम के प्रति काफी सजग रहते थे। बाद में उन्हें जनसंघ में भी काम करने का मौका मिला। बाद में भारतीय जनता पार्टी के विस्तार के लिए अपना सारा जीवन लगा दिया।
मंडल कमीशन के बहाने कांग्रेस पर निशाना
इसके साथ ही जेपी नड्डा ने जातीय गणना की चर्चा की और कहा कि देश में अब बैकवर्ड और ओबीसी की लगातार चर्चा हो रही है लेकिन पुरानी सरकारों के क्रियाकलापों का जिक्र करते हुए बीजेपी अध्यक्ष ने कहा कि मंडल कमीशन की रिपोर्ट को रोकने का काम इंदिरा गांधी और राजीव गांधी ने किया था।
पीएम मोदी ने दिया संवैधानिक दर्जा
इसके साथ ही जेपी नड्डा ने कहा कि ओबीसी कमिशन को संवैधानिक दर्जा देने का काम नरेन्द्र मोदी की सरकार ने किया है। उन्होंने यूपीए की सरकार पर सवाल खड़े करते हुए कहा कि आखिर यूपीए की सरकार ओबीसी कमिशन को संवैधानिक दर्जा क्यों नहीं दे पायी।
दरभंगा एम्स पर जेपी नड्डा की दो टूक
जेपी नड्डा ने कहा कि बिहार को पहला एम्स पूर्व प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी ने तो दूसरा एम्स पीएम नरेन्द्र मोदी ने दिया। इसके साथ ही उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मैं बतौर स्वास्थ्य मंत्री एम्स की जमीन मांगते-मांगते थक गया। फिलहाल एम्स की राशि रखी हुई है लिहाजा जब जमीन देंगे तो एम्स बनेगा।
नड्डा का लालू प्रसाद पर सीधा प्रहार
इसके साथ ही उन्होंने बिहार की सरकार पर सीधा प्रहार करते हुए कहा कि तुष्टिकरण की राजनीति से लोग त्रस्त हैं लिहाजा ऐसी सरकार को सत्ता से हटाने का समय आ गया है और बीजेपी को सत्ता देने का वक्त आ गया है। जेपी नड्डा ने लालू प्रसाद पर सीधा प्रहार किया और कहा कि लालू प्रसाद शुरू से कांग्रेस के खिलाफ लड़ाई में शामिल थे लेकिन आज सत्ता के लिए राहुल गांधी और सोनिया गांधी के स्वागत के लिए खड़े हैं।