पटना: जाप संरक्षक पप्पू यादव प्रेस कांफ्रेंस : इस दुनिया में हमेशा कमजोर लोग कायरो की भाषा इस्तेमाल करते हैं
कथाकार प्रेमचंद अभी जिंदा होते तो सूली पर लटका गए होते.
जितनी फिल्मे बनी है उसमे विलेन ठाकुर है और फिल्म में हीरो पीटता है तो सब लोग ताली बजाता है
इतने बड़े समुदाय से आने वाला नेता जीभ काटने और सिर कलम करने की बात कही है इसके अलावा कोई और नहीं कहा है.
दलित भूमिहीन है
आज भी दलित भूमिहीन है.मोदी जी को अडानी पसंद हैं कोरोना काल में अडानी का आर्थिक कई गुणा बढा है
सवाल पूछा है बुद्धिजीवी से अर्जुन को क्षत्रिय कहा गया बाकी भाईयो को क्यों नहीं कहा गया
सारे वर्ग में सबसे ज्यादा सम्मान ब्राह्मण को है.कृष्ण की बहन की शादी अर्जुन से हुई ,अर्जुन की बहन की शादी कृष्ण से फिर भी रिश्तेदार हैं जाति नहीं है.
जाति को लेकर कब तक गली गलौज करते रहेंगे
वैश्य को व्यापार से लेकर कई कार्य किए.परशुराम भगवान ने जिस स्थिति में लड़ा आज उन्हे जाति में बाट दिया उस समय राजपूत के खिलाफ नहीं लड़ी इस व्यवस्था के खिलाफ लेट.महिला बिल के बाद उसी संदर्भ में न सासद बोलेगा
मनोज झा ने उसी संदर्भ में बोला-जातीय जनगणना किए बिना महिला आरक्षण बिल पास किया गया.आरक्षण देना परेगा.
जाति को लेकर कब तक गली गलौज करते रहेंगे.
कोई गले काटने की बात करता है खून की नदिया बहाने की बात करते हैं.कई शास्त्रों को नाम लेते हुए कहा कि ब्राह्मण कभी आज तक उतावला नहीं हुआ.समूह समाज और विचारधार से ऊपर कोई नही है.विचारधार महत्वपूर्ण है.
सदन में गाली गलौज कटुआ कहा गया ये भारत में ही संभव है न
गलत तरीके से गाली गलौज कर नए जेनरेशन को अपमानित किया.इसे काट दो उसे मार दो नए जेनरेशन के लिए सही नही है.मनोज झा को समर्थन किया और कहा मनोज जा को सुरक्षा की जरूरत नहीं है जिस विचार धारा से जुड़े हैं.
जब तक पप्पू यादव की पार्टी और पप्पू यादव जिंदा है हर जाति विचारधारा के साथ है मनोज झा को जो नफरत से देखेगा उसे पहले पप्पू यादव से लड़ना पड़ेगा.

Author: janhitvoice

