आज शहीदे आजम भगत सिंह जी का जन्मदिवस है. शहीदे आजम भगत सिंह को क्रांतिकारी थे जिन्होंने युवावस्था में हंसते-हंसते अपने प्राणों की बाली देश के लिए समर्पित कर दिए. उन्होंने भारत की स्वतंत्रता के लिए अपने दो साथियों के साथ हंसते-हंसते सूली पर लटकाना स्वीकार किया . हम उनके इस शहादत को कभी भूल नहीं पाएंगे, और जब भी शहीद ए आजम भगत सिंह का नाम लिया जाता है हम भारतीय का सीन गर्व से चौड़ा हो जाता है.
युवाओं के दिलों की धड़कन शहीद-ए-आजम भगत सिंह हिन्दी उर्दू अंग्रेजी पंजाबी संस्कृत बंगला व आयरिश भाषा के बहुत अच्छे जानकार थे. वो बेहद शानदार वक्ता और भारत में देश में समाजवाद के पहले लेक्चरर थे. उन्होंने दो अखबारों का भी संपादन किया था. भगत सिंह (Bhagat Singh) का जन्म 28 सितंबर 1907 को लायलपुर जिले के बंगा में हुआ था। मौजूदा समय में ये जगह पाकिस्तान में है.
23 मार्च साल 1931 को भगत सिंह राजगुरू और सुखदेव को एक अंग्रेजी अधिकारी की हत्या के जुर्म में लाहौर की सेंट्रल जेल में फांसी दे दी गई थी. इस दिन को शहीद दिवस के तौर पर मनाया जाता है. पाकिस्तान में भी हर साल भगत सिंह की याद में खास जलसे आयोजित किए जाते हैं.
अंग्रेजी, हिंदी, उर्दू समेत कई भाषाओं के थे जानकार
युवाओं के दिलों की धड़कन शहीद-ए-आजम भगत सिंह हिन्दी, उर्दू, अंग्रेजी, पंजाबी, संस्कृत, बंगला व आयरिश भाषा के बहुत अच्छे जानकार थे. वो बेहद शानदार वक्ता और भारत में देश में समाजवाद के पहले लेक्चरर थे. भहत सिंह ने दो अखबारों का भी संपादन किया था.


Author: janhitvoice

