पटना में मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने दो दिन तक लगातार जेडीयू नेताओं के साथ विचार-विमर्श किया. दो दिनों की बैठक में नीतीश कुमार ने पार्टी नेताओं की बात सुनी और उन्हें टिप्स भी दिए. साथ में कई सवाल भी किए. इन सबके पीछे मकसद आने वाला लोकसभा चुनाव है. बैठक में बनी रणनीति पर ही आगे मजबूती से पार्टी के नेता लड़ाई लड़ेंगे
मुख्यमंत्री नीतीश कुमार ने मुख्यमंत्री आवास पर दो दिन तक बैठक की. 11 सितंबर को जिला अध्यक्षों और 12 सितंबर को प्रखंड अध्यक्षों के साथ बैठक की. दोनों दिन बैठक के दौरान पार्टी के प्रमुख नेता भी मौजूद थे. नीतीश कुमार ने आगामी लोकसभा चुनाव को लेकर पूरी तरह से तैयार रहने का निर्देश दिया. उन्होंने कहा कि लोकसभा चुनाव समय से पहले भी हो सकता है इसलिए अलर्ट रहें.
मुख्यमंत्री ने प्रखंड स्तर तक पार्टी को मजबूत करने का आदेश दिया है. नीतीश ने बिहार में सभी 40 लोकसभा सीट महागठबंधन को जिताने के लिए पूरी ताकत लगाने का निर्देश दिया है. सीएम ने निर्देश दिया है कि महागठबंधन सरकार ने जो विकास के काम किए हैं उसको लोगों तक पहुंचाएं. केंद्र सरकार की नाकामियों को भी जन जन तक पहुंचाएं.
बैठक के दौरान मुख्यमंत्री नीतीश ने यह भी कहा कि बीजेपी कई तरह का भ्रम फैलाने की कोशिश करेगी, महागठबंधन को लेकर इससे सावधान रहना है. जेडीयू संगठन को और मजबूत करने का उन्होंने निर्देश दिया. दो दिनों तक चली बैठक में लोकसभा चुनाव को लेकर ही चर्चा हुई है. पार्टी नेताओं को पूरी तरह से चुनावी मोड में आने के लिए कहा गया है.
वहीं दो दिन तक हुई बैठकों के दौरान जिला एवं प्रखंड अध्यक्षों ने सीएम नीतीश से शिकायत की है कि अधिकारी हमारी बात नहीं सुनते, मनमानी करते हैं. सीएम नीतीश ने सभी को पार्टी के कार्यक्रमों को बेहतर तरीके से संचालित करने को कहा है. नीतीश ने नेताओं से यह भी पूछा कि इंडिया गठबंधन के बारे में लोगों की क्या राय है? महागठबंधन सरकार के कामकाज को लेकर लोग क्या सोचते हैं? बैठक में नीतीश ने कहा कि राज्य सरकार का विकास का काम ही जेडीयू की ताकत है. समस्याओं का समाधान ही हमारी पूंजी है.
Author: janhitvoice











